श्रीलंका की राजधानी कहां है? तथा इससे संबंधित अन्य जानकारियाँ

आज हम जानेंगे श्रीलंका की राजधानी कहां है? और इसका निर्माण कैसे हुआ, जब भी श्रीलंका की राजधानी की बात आती है तो लोगो के मन में कई सवाल आते है, क्योंकि श्रीलंका उन देशों में से एक है जिनकी दो राजधानियां हैं। 

श्रीलंका की राजधानी, इतिहास, स्थापना और कई श्रीलंका की जानकारी के लिए इसे विस्तार से पढ़े. 

श्रीलंका दक्षिण एशिया में हिंदी महासागर की उत्तरी भाग में स्थित एक द्वीपीय देश है, १९७२ तक इसका नाम सीलोन था,१०७२ में इसे बदलकर लंका रखा गया तथा १९७८ में इसके आगे सम्मान सूचक शब्द “श्री” जोड़ दिया गया, तब से यह श्रीलंका के नाम से जाना जाता है।

श्रीलंका की राजधानी कहां है? 

अगर आप से पूछा जाये श्रीलंका की राजधानी कहां है ? तो मन में एक ही जवाब आता है कोलोंबो जो की बिलकुल सही जवाब नही है| श्रीलंका की राजधानी श्री जयवर्धनेपुरा कोट्टे है। कोलोंबो शहर श्रीलंका की कार्यकारी और न्यायायिक राजधानी है, श्री जयवर्धनेपुरा कोट्टे देश विधायी राजधानी है।

श्रीलंका की दो राजधानियों की भूमिका:

कोलोंबो वो शहर है जिसे हम श्रीलंका की राजधानी के तोर पर जानते है, पर यह सच नही है. श्रीलंका में भी दो राजधानी का दर्जा प्राप्त है पहली कोलोंबो और दूसरी श्री जयवर्धनेपुरा कोट्टे| दोनों ही शहरो का राजनितिक और व्यापारिक महत्त्व रहा है| १४वी शतब्दी में श्रीलंका की राजधानी जयवर्धनेपुरा ही था, करीब २०० साल तक यह राजधानी ही रहा, १६वी शताब्दी में पुर्तगाली आये और यहाँ अपना शासन जमाये, सिंहली साम्राज्य की और से विरोध और आक्रमण किया जाता था, ऐसे मे पुर्त्गिल अपना व्यापर नही बढ़ा रह थे।

फिर उन्होंने राजधानी बदलकर कोलोंबो कर दिया| राजधानी बदलकर कोलोंबो रखने की यह भी वजह थी की एतिहासिक तोर पर व्यापार की दृष्टि से कोलोंबो का दबदबा ज्यादा था, १७९६ के आसपास श्रीलंका पर ब्रिटिश ने अपना कब्ज़ा जमा लिया, ब्रिटिश सर्कार ने भी कोलोंबो को ही राजधानी बरकरार रखा. १९४८ में ब्रिटिश से श्रीलंका मुक्त होगया और श्रीलंका स्वतंत्र राष्ट्र बना, इसकी राजधानी तब भी नही बदली।

पुर्तगालियों के शासन से लेकर १९७८ तक कोलोंबो को ही श्रीलंका की राजधानी था. उसके बाद १९७८ में तत्कालीन राष्ट्रपति जेआर जयावर्धन के शासनकाल में श्रीलंका सरकार से अपनी राजधानी बदलने की घोषणा की और फिर श्री जयवर्धनेपुरा कोट्टे को श्रीलंका की राजधानी घोषित कर दिया गया| व्यापारिक इतिहास समृद्ध होने से चलते कोलोंबो का महत्त्व बना रहा, और इस तरह श्रीलंका की दो राजधानी हुई।

श्रीलंका की राजधानी_Flag of Srilanka

 

श्रीलंका की संस्कृति:

श्रीलंका देश है तो छोटा परन्तु सोंदर्य और संस्कृति से भरा हुआ देश है, श्रीलंका में हिन्दू और बोद्ध धर्म की साँझा परम्परा और संस्कृति रही है| श्रीलंका के मध्य में रावण की लंका स्थित थी, वाल्मीकि रामायण में लंका को समुद्र के पार द्वीप के मध्य में स्थित बताया गया है| श्रीलंका के संस्कृत एवं पाली साहित्य का प्राचीनकाल से ही भारत से घनिष्ठ सम्बन्ध था. श्रीलंका की संस्कृति आधुनिक तत्वों को पारंपरिक पहलुओं के साथ मिलती हैं और अपनी क्षेत्रीय विविधता के लिए जनि जाती है.

श्रीलंका की भाषाएँ:

श्रीलंका देश में आधिरिक भाषा का दर्जा सिंहला एवं तमिल भाषा को दिया गया है, यहाँ की अधिकतर जनसंख्याँ सिंहला और तमिल बोलते है| यह दोनों भाषाएँ श्रीलंका की राज्यभाषा कहलायें जाते है|

सिंहला भाषा यहाँ की सबसे प्रमुख भाषा है, श्रीलंका के ७५% लोग सिंहल भाषा का प्रयोग करते हैं| इन दोनों भाषाओँ के अलावा यहाँ इंग्लिश भाषा का भी प्रचलन बहुत ज्यादा मात्र मैं हैं| लगभग ४८% लोग यहाँ पर इंग्लिश भाषा बोलते हैं|

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श्रीलंका की जनसँख्या:

वर्तमान समय(२०२२) मैं श्रीलंका की संसंख्या २१,३५७,१४३ यानी २ करोड़ १३ लाख है| १९५० में श्रीलंका ली आबादी ७९.७ करोड़ थी, इसके बाद धीरे धीरे यह २ करोड़ के पार पहुँच चुकी है| भारत की तुलना से श्रीलंका की जनसँख्या कम है, दोनों में बहुत अंतर है एक तरफ भारत की आबादी बढ़ रही हैं और दूसरी तरफ श्रीलंका की आबादी हर १० साल में कम हो रही है|

भारत और श्रीलंका की दूरी:

श्रीलंका भारत का पड़ोसी देश हैं, श्रीलंका और भारत की दूरी २७१ किलोमीटर है, श्रीलंका और भारत को हिन्द महासागर का जो हिस्सा एक दुसरे से अलग करता है उसे मन्नार की खाड़ी कहा जाता है| भारत मैं हिन्दू के ग्रंधो के अनुसार भगवान् श्री राम जब सीता को छुड़ाने के लिए श्रीलंका जा रह थे तब उनके साथ आई वानर सेना ने श्रीलंका और भारत के बिच मैं से सेतु का निर्माण किया था जिसे रामसेतु कहा जाता हैं|

श्रीलंका का नक्शा भारत के मानचित्र पर क्यूँ होता है?

अगर कोई देश समुद्र के किनारों में बसा हुआ है यां उसका एक हिस्सा समुद्र से जुड़ा है तो ऐसे में उस देश के नक़्शे मैं देश की सीमा के आस पास का क्षेत्र भी नक़्शे मैं दिखाया जाता है| इसी वजह से भारत के नक़्शे मैं श्रीलंका को दिखाया जाता है, यह २०० नॉटिकल माइल्स के अन्दर आता है

निष्कर्ष:

प्राचीन काल में श्रीलंका की पहेली राजधानी अनुराधापुर थी, जो लगभग १४०० वर्षो तक इस देश की राजधानी रही. यह वह समय था जब भारत से गौतम बुद्ध के दांतों के अवशेष अनुराधापुर आये थे| श्रीलंका के इतिहास का सबसे महत्वपूर्ण अंग है बोद्ध धर्म का प्रचार प्रसार जिसकी नीव इसवी सदी पूर्व लगभग २५० साल पहले सम्राट अशोक द्वारा राखी गयी थी| 

यह एक भोगोलिक जगह है और दुसरे विश्व युद्ध के समय से ही स्थापित गहरे बन्दरगाह इस जगह को सामरिक महत्व भी देते हैं| १९७२ तक श्रीलंका का नाम सीलोन ही था जिसे बदलकर लंका रखा गया फिर १९७८ में इसके आगे सम्मानसूचक शब्द श्री जोडकर श्रीलंका कर दिया गया| श्रीलंका के ताजे इतिहास में १३ साल का सिविल वॉर शामिल है, अन्तराष्ट्रीय मोको पर श्रीलंका का इतिहास काफी लम्बा रह चूका है|

 

FAQ:

1. श्रीलंका का पुराना नाम क्या था?

१९७२ तक श्रीलंका का नाम सीलोन ही था जिसे बदलकर लंका रखा गया फिर १९७८ में इसके आगे सम्मानसूचक शब्द श्री जोडकर श्रीलंका कर दिया गया|

2. श्रीलंका का राज्य धर्म कोनसा है?

श्रीलंका का राज्य धर्म बुद्ध धर्म है|

3. श्रीलंका का सबसे बड़ा नगर कोनसा है?

कोलोंबो

4. श्रीलंका की स्थापना कब हुई?

४ फरवरी १९४८

5. श्रीलंका की कोनसी दो राजधानियां है?

पहली कोलोंबो और दूसरी श्री जयवर्धनेपुरा कोट्टे|

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